Tag: राजनीति

भारत में सामाजिक परिस्थिति लगातार बेहद शर्मनाक, शोचनीय और पीड़ादायक हो चली है - 7 अक्टूबर 2015
भारत में सामाजिक परिस्थिति लगातार बेहद शर्मनाक, शोचनीय और पीड़ादायक हो चली है – 7 अक्टूबर 2015
स्वामी बालेंदु बता रहे हैं कि क्यों वे समझते हैं कि भारत में मौजूदा हालत ... Read More
भारत में विवाह पवित्र बंधन है इसलिए पति के द्वारा किया गया जबरन सम्भोग बलात्कार नहीं - 6 मई 2015
भारत में विवाह पवित्र बंधन है इसलिए पति के द्वारा किया गया जबरन सम्भोग बलात्कार नहीं – 6 मई 2015
स्वामी बालेन्दु एक मंत्री के एक हास्यास्पद बयान का ज़िक्र कर रहे हैं, जिसमें उसने ... Read More
गुरु हो या राजनेता कोई फर्क नहीं पड़ता - भारत में मानव भक्ति - 16 फरवरी 2015
गुरु हो या राजनेता कोई फर्क नहीं पड़ता – भारत में मानव भक्ति – 16 फरवरी 2015
भारत में किस तरह लोग एक गुरु की तरह राजनेता की भी पूजा करते हैं, ... Read More
जब एक राजनेता के प्रति अपने समर्पण और भक्ति को पुरानी मित्रता से अधिक महत्व दिया जाता है -15 फरवरी 2015
जब एक राजनेता के प्रति अपने समर्पण और भक्ति को पुरानी मित्रता से अधिक महत्व दिया जाता है -15 फरवरी 2015
स्वामी बालेंदु बता रहे हैं कि कैसे एक राजनैतिक नेता की आलोचना करने के कारण ... Read More
जर्मनी की चुनाव-प्रक्रिया भारत की तुलना में अधिक न्यायपूर्ण और जनतान्त्रिक क्यों है! 21 मई 2014
जर्मनी की चुनाव-प्रक्रिया भारत की तुलना में अधिक न्यायपूर्ण और जनतान्त्रिक क्यों है! 21 मई 2014
स्वामी बालेंदु भारत और जर्मनी की मतदान प्रक्रिया का संक्षिप्त वर्णन करते हुए बता रहे ... Read More
जनतंत्र का अतिरेक - 20 मई 2014
जनतंत्र का अतिरेक – 20 मई 2014
स्वामी बालेन्दु बता रहे हैं कि हालाँकि जनतंत्र निस्संदेह सबसे अच्छी राज्य-व्यवस्था है-मगर कभी-कभी इसका ... Read More
भारत! सिर्फ कुँवारों पर नहीं! यौन क्रियाओं पर ही पूर्ण प्रतिबंध लगा दो - 26 मार्च 13
भारत! सिर्फ कुँवारों पर नहीं! यौन क्रियाओं पर ही पूर्ण प्रतिबंध लगा दो – 26 मार्च 13
भारत में सहमति से सेक्स की उम्र 16 किये जाने के प्रस्ताव पर स्वामी बालेन्दु ... Read More
धर्म: बदल न सकने वाले तानाशाही और दकियानूसी कानूनों की निरंकुश सत्ता- 22 जून 2012
धर्म: बदल न सकने वाले तानाशाही और दकियानूसी कानूनों की निरंकुश सत्ता- 22 जून 2012
स्वामी बालेंदु धर्म के बारे में लिखते हुए बता रहे हैं कि वह एक तरह ... Read More
3 समूह जो जाति-प्रथा को बनाए रखना चाहते हैं और उनके कारण - 20 जून 2012
3 समूह जो जाति-प्रथा को बनाए रखना चाहते हैं और उनके कारण – 20 जून 2012
स्वामी बालेन्दु उन लोगों के विषय में लिखते हैं जोकि जाति प्रथा को बनाये रखना ... Read More
गांधी को भूले अन्ना - अन्ना हजारे ने किया शराबियों को पीटने का समर्थन - 28 नवम्बर 11
गांधी को भूले अन्ना – अन्ना हजारे ने किया शराबियों को पीटने का समर्थन – 28 नवम्बर 11
स्वामी बालेंदु ने अन्ना हजारे के उस बयान के बारे में लिखा है, जिसमें उन्होंने ... Read More
धार्मिक अपराधी अपने डर और अपराधबोध को कम करने के लिए अपनी आस्थाओं का सहारा लेते हैं! 13 सितंबर 2011
धार्मिक अपराधी अपने डर और अपराधबोध को कम करने के लिए अपनी आस्थाओं का सहारा लेते हैं! 13 सितंबर 2011
स्वामी बालेंदु उन अपराधियों के बारे में लिख रहे हैं, जो जानते हैं कि उन्होंने ... Read More
भारत में धर्म एक व्यापार है: यहाँ लाभ के लिए भगवान बना दिए जाते हैं! 5 सितंबर 2011
भारत में धर्म एक व्यापार है: यहाँ लाभ के लिए भगवान बना दिए जाते हैं! 5 सितंबर 2011
स्वामी बालेंदु अन्ना हज़ारे के साथ हुए तमाशे के बारे में, जिसमें लोगों ने ईश्वर ... Read More