मैंने अपनी पिछली आयरलैंड की यात्राओं में, जैसे 2005 की गर्मियों में, वहाँ के निवासियों के साथ हुए अपने अनुभवों के बारे में बताते हुए कहा था कि वे बहुत खुशमिजाज, मनमौजी और खुले दिल के लोग होते हैं। लेकिन एक और बात मैंने महसूस की जिसे आप उसे मेरे पूर्वाग्रह की पुष्टि कह सकते हैं: एक आम रूढ़िबद्ध धारणा कि आयरिश लोग पियक्कड़ होते हैं। बेहद पियक्कड़!
मैंने वहाँ बहुत से व्यक्तिगत सत्र लिए और अधिकांश लोग अपनी समस्याओं के समाधान के लिए मेरे पास आते थे। ये समस्याएं जीवन के हर क्षेत्र से जुड़ी और कई तरह की होती थीं, जैसे संबंधो के बारे में, भावनात्मक, दर्द और बीमारियों, मानसिक व्याधियों, दुखों और बेचैनियों के बारे में। कुछ लोग आंतरिक शांति चाहते थे तो कुछ स्वास्थ्य और ताकत, तो कुछ अपने किसी व्यसन से छुटकारा पाना चाहते थे। लेकिन आयरलैंड के अपने सत्रों में यह बात तुरंत समझ में आ जाती थी कि शराब से किसी न किसी रूप में जुड़ी समस्याओं के समाधान के लिए यहाँ सबसे ज़्यादा लोग आते थे।
गहरे अवसाद में डूबा हुआ एक व्यक्ति मेरे पास आया और बताया कि उसकी गर्लफ्रेंड के उसे छोडकर जाने के बाद से ही यह अवसाद शुरू हो गया था। वह दुखी था इसलिए अपने एक मित्र के साथ एक जाम लेने का निर्णय किया। उसे अच्छा लगा, शायद शराब के कारण या मित्र के साथ के कारण। जिससे उसे लाभ हुआ था उसने दूसरे दिन भी उसे ही आजमाया। शायद शराब उसके दर्द को हल्का करती थी और उसे दूसरी बातों में मन लगाने में मदद करती थी, इसके सिवा कुछ नहीं। वह धीरे-धीरे शराब की मात्रा बढ़ाने लगा और एक वक़्त आया जब शराब से उसे किसी तरह का लाभ होना बंद गया। बल्कि वह उसे चिड़चिड़ा और उदास कर देती थी। उसने अपने इस व्यसन का उपचार भी कराया और शराब छोड़ दी मगर उसकी मनोदशा में कोई सुधार नहीं हुआ और चित्त अस्थिर ही बना रहता था।
एक महिला ने मुझे बताया कि वह इतने अर्से से शराब पी रही है कि अब उसे कई स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं ने आ घेरा है। उसका वज़न बहुत बढ़ गया है जिसका कारण, जैसा कि उसने बताया, शराब ही है और उसे डॉक्टरों ने तुरंत शराब छोडने की सलाह दी है, अन्यथा उसका लीवर क्षतिग्रस्त हो सकता है। लेकिन उसे शराब की लत लग गयी है और उससे छुटकारा पाने की शक्ति उसमें नहीं है।
एक और व्यक्ति ने मुझे रोते हुए बताया कि शराब ने उसके जीवन को बरबाद करके रख दिया है। उसके स्वर में इतना दर्द था कि उसकी बात सुनना भी बहुत दर्दनाक था। एक बार वह और उसका दोस्त एक पार्टी में शामिल हुए थे और सारे लोग खूब शराब पी रहे थे। वह रात भर वहाँ रहा और आखिर में एक सोफ़े पर लुढ़क गया। उसके दोस्त उसे कार में बिठाकर घर ले जा रहे थे मगर बारिश हो रही थी और फिसलन भरी सड़क पर नशे की हालत में चालक का संतुलन बिगड़ गया और कार पलट गई। उसके दो दोस्त दुर्घटना का शिकार हो गए। फिर कुछ साल बाद उसकी पत्नी ऑफिस से घर आ रही थी और एक शराबी चालक ने उसकी कार में टक्कर मार दी। उसकी पत्नी जीवित घर नहीं लौट सकी।
इसके बावजूद लोग मुझे बताते रहते थे कि युवा पीढ़ी अपने से पहले वाली पीढ़ी से ज़्यादा पियक्कड़ है। नशे में धुत्त हो जाने के इरादे से कम समय में बहुत ज़्यादा शराब पी लेना (binge drinking) आजकल फैशन हो गया है और सबेरे किसी अस्पताल में लोगों की नींद खुलना आम बात हो गई है। शराब समाज के लिए एक अभिशाप बन चुका है और अधिकतर लोगों की अस्वस्थता का और दुख का कारण भी।
मैं यह नहीं जानता था कि आयरिश लोगों की यह छवि एक यथार्थ है। निस्संदेह, ऐसे लोग भी हैं जो बिल्कुल नहीं पीते और आध्यात्मिक परिदृश्य में इतना समय गुजारने के कारण ऐसे बहुत से लोगों से मैं मिला भी हूँ, क्योंकि ऐसे लोग अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक भी होते हैं और शराब और दूसरे नशीले पदार्थों से भी दूर रहना पसंद करते हैं। इसके बावजूद मैं कहूँगा कि मेरा ऐसी दुखद कहानियों से बहुत वास्ता पड़ता रहा है और यह मुझे ग्लानि से भर देता है।
मैं आशा करता हूँ कि न सिर्फ आयरिश जनता बल्कि सारी दुनिया के लोग इस बात को समझेंगे कि शराब कितनी नुकसानदेह चीज़ है।
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