क्या आप उस उदात्त प्रेम और शारीरिक अंतरंगता को कई लोगों के साथ साझा कर सकते हैं? 29 अक्टूबर 2014

प्रेम

कल का ब्लॉग पढ़कर आप जान चुके होंगे कि मैं प्रेम को बहुत सेक्सी मानता हूँ। जी हाँ, मैं प्रेम से जुड़ी बहुत सी बातों को सेक्सी मानता हूँ और इसी तरह जो भी चीजें यौनिकता (सेक्सुअलिटी) से सम्बंधित हैं उन्हें मैं प्रेम से भी सम्बंधित मानता हूँ। इस नज़रिए से सोचने पर मैं समझता हूँ कि प्रेम, वह अन्तरंग, उदात्त और गहन प्रेम सिर्फ और सिर्फ एक व्यक्ति के साथ ही संभव हो सकता है। कई लोगों से नहीं। और इसीलिए मेरा विश्वास है कि बहु-विवाह या एक ही समय में कई लोगों से शारीरिक सम्बन्ध रखना, वास्तव में चल नहीं सकता।

दरअसल मैंने कई लोगों को इसकी कोशिश करते देखा है लेकिन आज तक किसी को सफल होते नहीं देखा। उनके बीच हमेशा ईर्ष्या सम्बन्धी समस्याएँ मौजूद रहती हैं और मैं समझता हूँ कि इसका मूल कारण इस तथ्य में निहित है कि आप एक साथ कई लोगों को वह उदात्त और गहन प्रेम नहीं दे सकते जिसका मैंने ऊपर ज़िक्र किया है।

इसमें कोई शक नहीं कि आप एक ही समय पर कई लोगों के साथ अन्तरंग हो सकते हैं। क्यों नहीं हो सकते- आखिर यह सिर्फ शारीरिक मामला ही होगा और यह बिलकुल संभव है कि जिसके साथ आप यौन संबंध स्थापित करते हैं उसके शरीर को पसंद भी करते हैं और उससे बढ़कर, उस व्यक्ति से प्रेम भी कर सकते हैं। लेकिन मैं जिस प्रेम की चर्चा कर रहा हूँ, वह विशाल, सब कुछ अपने में समाहित कर लेने वाला प्रेम जिसमें कि आप अपने प्रियतम को, वो जैसा भी है स्वीकार करते हैं, वह गहन प्रेम इस तरह के विभिन्न लोगों के साथ होने वाले यौन-सत्रों में साझा नहीं हो सकता!

कैसे साझा करेंगे? वह गहराई तक जुड़ाव की आतंरिक अनुभूति यहाँ कैसे प्राप्त होगी? क्या इसका सबसे अच्छा पहलू यह नहीं है कि उस दूसरे को सिर्फ आप इतनी अच्छी तरह जानते हैं, जितना दूसरा कोई नहीं जानता? कि मस्तिष्क या शरीर का कोई हिस्सा आपके बीच या आपके लिए शर्म या संकोच का बायस नहीं है?

उसके बाद शारीरिक स्पर्श का प्रश्न है: आप अपने प्रेमी का स्पर्श महसूस करते हैं, उसे अच्छी तरह पहचानते हैं। आप अच्छी तरह जानते हैं कि आपका साथी किस तरह आपका हाथ अपने हाथ में लेता है, किस तरह वह आपके नितम्बों को सहलाता है- दूसरे दिन, दूसरे के साथ आप वैसा ही आनंद कैसे प्राप्त कर पाएँगे? दूसरे व्यक्ति के हाथों का स्पर्श अलग तरह का होगा, उँगलियों की छुअन का एहसास अलग होगा- क्या आप तुलना नहीं करेंगे और फिर क्या किसी एक को दूसरे से अधिक प्यार नहीं करेंगे? किसी भी हालत में आप किसी दूसरे के लिए वही भावना नहीं रख सकते!

जी नहीं! भावनात्मक, शारीरिक, मानसिक, मेरा विश्वास है कि आप किसी भी तरह से कई साथियों के साथ एक ही समय में पूरी तरह समर्पित नहीं रह सकते और न ही उनसे उसी एक जैसी गहराई के साथ प्रेम कर सकते हैं। आप साथ-साथ एकाध रात गुज़ार सकते हैं। आप बहुत बढ़िया, सुखद समय गुज़ार सकते हैं। आप सेक्स का आनंद ले सकते हैं, शारीरिक प्रेम कर सकते हैं।

लेकिन आप तीन या चार लोगों के साथ एक साथ उस उदात्त और गहन प्रेम का अनुभव नहीं कर सकते।

अगर कर सकते हों तो मुझे गलत सिद्ध करके दिखाइए।

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