3 साल के बच्चे को उसके सवाल का जवाब देना: प्रेम क्या होता है? 30 मार्च 2015

अपरा

कुछ दिन पहले मैं घर के सामने वाले हाल में लगे झूले पर बैठे अपरा के साथ खेल रहा था। हम लोग सिर्फ आपस में गले लिपटकर हँसी-मज़ाक कर रहे थे। ऐसे सुखद माहौल में अचानक मेरी बेटी ने मेरी ओर देखा और पूछा: 'पा, प्यार क्या होता है?'

उन बहुत से लोगों ने, जो मुझे व्यक्तिगत रूप से जानते हैं, पहले से सुना होगा कि मैं ठीक इसी विषय पर भाषण दे चुका हूँ: प्रेम। जो लोग मेरे ब्लॉग पढ़ते हैं, वे भी निश्चित ही इस विषय पर मेरे ब्लॉग पढ़ चुके होंगे। जब मैं मंच पर होता हूँ तो कई आध्यात्मिक लोग मुझसे यही प्रश्न पूछते हैं और जब मैं उसका उत्तर देता हूँ तो वह अक्सर एक या कई घंटों में फैल जाता है!

लेकिन आप क्या जवाब देंगे जब पूछने वाला एक तीन साल का बच्चा हो, आपकी गोद में खेलती आपकी नन्ही बच्ची हो?

एक साथ कई विचार मेरे मन में उठे लेकिन मैंने यह जवाब दिया: "जो मैं तुम्हारे लिए, तुम्हारी माँ, तुम्हारे चाचाओं के लिए महसूस करता हूँ, वही प्रेम है। और तुम भी मेरे प्रति प्रेम महसूस करती हो। प्रेम आपस में एक-दूसरे के साथ होता है।"

इस जवाब पर अपरा एकाध मिनट के लिए गहन सोच में डूब गई। खामोशी के साथ हम झूला झूलते रहे। फिर उसने स्वीकार में सिर डुलाया। उसे सब कुछ समझ में आ गया था और वह जवाब से संतुष्ट थी।

और देखिए, यह कितना आसान था!

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